Dharam Chand Dhillon
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Dharam Chand Dhillon (Col) (born: 01.08.1943) received Vira Chakra for his act of bravery during Indo-China War on 27.10.1962. He belongs to Babrauli village in tahsil Kosli of Rewari district in Haryana.
Unit: Corps of Signal.
कर्नल धरम चंद ढिलन
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सिग्नलमैन (कर्नल) धरम चंद ढिलन
यूनिट - कॉर्प्स ऑफ सिगनल्स/पूर्व 7 JAK मिलिशिया
ऑपरेशन लेगहॉर्न
भारत-चीन युद्ध 1962
सिग्नलमैन धरम चंद का जन्म ब्रिटिश भारत में 1 अगस्त 1943 को तत्कालीन संयुक्त पंजाब (वर्तमान हरियाणा) के गुड़गांव (अब रेवाड़ी) जिले के बबरौली गांव श्री शंकर लाल ढिलन एवं श्रीमती बख्तावरी देवी के परिवार में हुआ था।
1962 के भारत-चीन युद्ध में सिग्नलमैन धरम चंद लद्दाख में एक चौकी के सिग्नल संचार के प्रभारी थे। 27 अक्टूबर 1962 को चीनियों ने इस चौकी पर भीषण गोला वृष्टि के साथ आक्रमण किया। उस आक्रमण में, वायरलेस सेट पर सीधा आघात लगने से वायरलेस सेट क्षतिग्रस्त हो गया तो इन्होंने बंकरों में युद्ध का मोर्चा ले लिया और चीनियों को क्षति पहुंचाई।
सिग्नलमैन धरम चंद ने भारतीय सेना की सर्वोच्च परंपराओं का निर्वहन करते हुए अदम्य साहस एवं कर्तव्य के प्रति समर्पण का प्रदर्शन किया। उन्हें वीर चक्र से सम्मानित किया गया।
वह कर्नल के रूप में सेवानिवृत्त हुए थे।
सम्मान
चित्र गैलरी
स्रोत
संदर्भ
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