Barsana Mathura

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Location of Barsana (Govardhan) in Mathura district
For village of same name in Charkhi Dadri see Barsana

Barsana (बरसाना) is a village in Govardhan tahsil in Mathura district of Uttar Pradesh.

Variants of name

Location

Jat Gotra

Population

History

बरसाना

विजयेन्द्र कुमार माथुर[1] ने लिखा है.... बरसाना कृष्ण की प्रेयसी राधा की जन्मस्थली के रूप में प्रसिद्ध है. इस स्थान को जो एक बृहत पहाड़ी की तलहटी में बसा है प्राचीन समय में वृहत्सानु कहा जाता था (वृहत्+सानु =पर्वत शिखर). इसके अन्य नाम ब्रह्मसानु या वृषभानुपुर (वृषभानु राधा के पिता का नाम है) भी कहे जाते हैं. बरसाना [p.610]: प्राचीन समय में बहुत सुंदर नगर था. राधा का प्राचीन मंदिर मध्यकालीन है जो लाल पत्थर का बना है. यह अब परित्यक्त अवस्था में है. इस की मूर्ति अब पास ही स्थित विशाल एवं भव्य संगमरमर के बने मंदिर में प्रतिष्ठित की हुई है. यह दोनों मंदिर ऊंची पहाड़ी के शिखर पर हैं. थोड़ा आगे चलकर जयपुर नरेश का बनवाया हुआ दूसरा विशाल मंदिर पहाड़ी के दूसरी शिखर पर बना है. कहा जाता है कि [[Aurangzeb|औरंगजेब] जिसमें मथुरा व निकटवर्ती स्थान के मंदिरों को क्रूरता पूर्वक नष्ट कर दिया था, बरसाने तक पहुंच सका था. बरसाने की पुण्यस्थली बड़ी हरी-भरी तथा रमणीक है. इसकी पहाड़ियों के पत्थर श्याम तथा गौरवर्ण के हैं जिन्हें यहां के निवासी कृष्णा तथा राधा के अमर प्रेम का प्रतीक मानते हैं. बरसाने से 4 मील पर नंद गांव है जहां श्री कृष्ण के पिता नंदजी का घर था. बरसाना-नंदगांव मार्ग पर संकेत नामक स्थान है जहां किंवदंती के अनुसार कृष्ण और राधा का प्रथम मिलन हुआ था. संकेत का शब्दार्थ है पूर्वनिर्दिष्ट मिलने का स्थान.

राधा का परिचय

कृष्ण की प्रेमिका का नाम राधा था जो बरसाना के सरपंच वृषभानु की बेटी थी। श्री कृष्ण राधारानी से निष्काम और निश्वार्थ प्रेम करते थे। राधा श्री कृष्ण से उम्र में बहुत बड़ी थी। लगभग 6 साल से भी ज्यादा का अंतर था। श्री कृष्ण ने 14 वर्ष की उम्र में वृंदावन छोड़ दिया था। और उसके बाद वे राधा से कभी नहीं मिले।

Monuments

Notable persons

External links

References


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